*कुर्सी का रसूख छोड़ जब ज़मीन पर बैठ गईं 'मैडम कलेक्टर'! अफ़सरों के छूटे पसीने*
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MP के मंदसौर कलेक्टर साहिबा अदिति गर्ग का 'सिंघम' अवतार! वीआईपी कल्चर को मारी लात, ज़मीन पर बिछात पर बैठकर अफ़सरों को दिया 'ऑन द स्पॉट' अल्टीमेटम!
मंदसौर (बालागुड़ा)
कहते हैं जब हुक्मरान अपनी कुर्सी का रसूख छोड़कर जनता के बीच ज़मीन पर बैठ जाए, तो व्यवस्था खुद-ब-खुद घुटनों पर आ जाती है। कुछ ऐसा ही नज़ारा मल्हारगढ़ विकासखंड के आदर्श ग्राम बालागुड़ा में मंगलवार रात को देखने को मिला। यहाँ आयोजित रात्रि चौपाल में तब सब हैरान रह गए जब 💥💥💥💥💥💥ज़िले की कमान संभाल रहीं कलेक्टर श्रीमती अदिति गर्ग वीआईपी ट्रीटमेंट को दरकिनार कर सीधे ग्रामीणों के बीच बिछात (फ़र्श) पर बैठ गईं। कलेक्टर साहिबा का यह 'डाउन टू अर्थ' अंदाज़ देखकर जहाँ ग्रामीण गद्गद हो गए, वहीं उनके साथ मौजूद अफ़सरों की धड़कनें तेज़ हो गईं।
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नक्षत्र गार्डन परिसर में लगी इस चौपाल में जिला पंचायत सीईओ श्री अनुकूल जैन सहित तमाम विभागों के आला अधिकारी मौजूद थे।
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अफ़सरों को 'ऑन द स्पॉट' अल्टीमेटम: "समस्याएं सुनी हैं, तो समाधान भी तुरंत हो":-
रात के अंधेरे में लगी इस चौपाल में जनता का दर्द सीधे कलेक्टर तक पहुँचा। 💥💥 ग्रामीणों ने दूध का सही दाम न मिलने, बैंक लोन की किल्लत, जर्जर बिजली के तारों, सड़कों के किनारे नाली निर्माण और अतिक्रमण जैसी समस्याओं का अंबार लगा दिया। यही नहीं, किसानों ने खेतों में 'घोड़ा रोज़' (नीलगाय) और जंगली सूअरों के आतंक से भी मुक्ति दिलाने की गुहार लगाई।
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कलेक्टर अदिति गर्ग ने बिना वक़्त गंवाए मौके पर ही संबंधित अधिकारियों की क्लास लगा दी।
उन्होंने साफ़ शब्दों में निर्देश दिए कि कागज़ी घोड़े दौड़ाने के बजाय धरातल पर काम दिखना चाहिए और इन सभी समस्याओं का त्वरित निराकरण सुनिश्चित किया जाए।
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कुपोषण पर कड़ा प्रहार, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को हिदायत:-💥💥
चौपाल के दौरान कलेक्टर का पूरा ध्यान बच्चों के भविष्य पर रहा। उन्होंने आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं से सीधे संवाद करते हुए 'टेक होम राशन' के नियमित वितरण की हकीकत जानी।💥💥💥💥👉🏼 कलेक्टर ने दो टूक कहा:- गांव का एक भी बच्चा कुपोषित नहीं रहना चाहिए। कुपोषित बच्चों की पहचान करें और उन्हें तुरंत एनआरसी (पोषण पुनर्वास केंद्र) में भर्ती कराकर इलाज दिलाएं।
उन्होंने ग्रामीणों से भी अपील की कि वे बच्चों को सिर्फ स्कूल न भेजें, बल्कि उनकी शिक्षा और स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दें और आंगनबाड़ियों में शत-प्रतिशत पंजीयन कराएं।
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श्वेत क्रांति को धार: गांव में लगेंगे पशुपालन और बैंक के संयुक्त शिविर:💥💥💥💥💥💥-
बालागुड़ा में दूध उत्पादन और पशुपालन को बढ़ावा देने के लिए कलेक्टर ने एक बड़ा फैसला लिया। उन्होंने पशुपालन विभाग और सहकारिता बैंक को निर्देशित किया कि वे मिलकर गांव में एक विशेष संयुक्त शिविर का आयोजन करें। इसके ज़रिए पशुपालकों को न सिर्फ लोन बल्कि हर ज़रूरी तकनीकी मदद और सरकारी योजनाओं का लाभ मौके पर ही दिया जाएगा। इसके लिए एक विशेष ग्राम सभा भी बुलाई जाएगी।
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कचरा गाड़ी से लेकर खाद तक.. .👉🏼 चमकेगा बालागुड़ा:-
गांव को वाकई 'आदर्श' बनाने के लिए कलेक्टर ने स्वच्छता व्यवस्था को लेकर सख्त रुख अपनाया। उन्होंने पंचायत निधि से तुरंत कचरा संग्रहण वाहन (कचरा गाड़ी) की व्यवस्था करने के निर्देश दिए। साथ ही यह भी कहा कि गांव के जैविक कचरे को फेंकने के बजाय उससे खाद बनाई जाए, ताकि पर्यावरण भी सुधरे और किसानों को जैविक खाद भी मिल सके।
चौपाल की बड़ी मांगें, जिन पर एक्शन की तैयारी:👇
- किसानों को प्रशिक्षण और 'फार्मर आईडी' का क्रिएशन।
- किसान सम्मान निधि में छूटे हुए नामों को जोड़ना।
- मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना का लाभ युवाओं तक
- गांव में एटीएम (ATM) मशीन की स्थापना और खेतों की तार फिनिशिंग 💥💥💥💥💥 जनहित मेंजारी ज्ञानेश प्रजापति

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