*शिवराज ने की शिकायत, एमपी सरकार ने पीएम मोदी को बताई हकीकत* *पीएम से हुई सीएम की शिकायत*
जन जागृति संगम न्यूज
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मध्य प्रदेश की राजनीति में इन दिनों एक नया मामला चर्चा में है। कुछ दिन पहले पूर्व मुख्यमंत्री और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हुई थी। अब सामने आई जानकारी के मुताबिक इस मुलाकात के दौरान शिवराज सिंह चौहान ने प्रधानमंत्री से एक शिकायत भी की। मामला सीधे एमपी से जुड़ा है।
क्या है शिकायत
बताया जा रहा है कि शिवराज सिंह चौहान ने प्रधानमंत्री मोदी से कहा कि मध्य प्रदेश में कृषि वर्ष के तहत आयोजित हो रहे कार्यक्रमों में उन्हें आमंत्रित नहीं किया जा रहा है। उनका कहना था कि जब वे स्वयं मध्य प्रदेश में ही मौजूद थे, तब भी कई मौकों पर उन्हें कार्यक्रमों में नहीं बुलाया गया। इसी को लेकर उन्होंने अपनी आपत्ति दर्ज कराई।
बताया जा रहा है कि इस मामले को पीएम ने गंभीरता से लिया है और पत्र लिखकर सरकार से जवाब- तलब किया गया है। पीएमओ की चिट्ठी के बाद से ही सीएमओ में हलचल बढ़ गई और तैयारियां होने लगीं कि क्या जवाब दें!
सरकार का जवाब
इस शिकायत पर मध्य प्रदेश सरकार की ओर से सफाई दी गई है। सरकार के जवाब के मुताबिक, राज्य के तीन जिलों में अब तक कृषि वर्ष से जुड़े पांच कार्यक्रम आयोजित किए जा चुके हैं। इनमें से कुछ कार्यक्रमों में मुख्यमंत्री मोहन यादव ने खुद शिवराज सिंह चौहान के साथ मंच साझा किया।
सरकार का कहना है कि एक कार्यक्रम में शिवराज ने अपने प्रतिनिधि को भेजा था। सरकार की सफाई में यह भी बताया गया कि शिवराज के संसदीय क्षेत्र (विदिशा) में हुए आयोजन के अलावा भोपाल में हुए कार्यक्रम में भी उन्हें मंच दिया गया।
20 जून 2026 को विदिशा में किसान सम्मान निधि की 23वीं किस्त जारी करने को लेकर कार्यक्रम आयोजित किया गया था।
इसके अलावा इंदौर में केंद्र सरकार की ओर से आयोजित एक कृषि संबंधी कार्यक्रम का भी हवाला दिया गया, जिसमें मुख्यमंत्री और शिवराज दोनों शामिल हुए।
पांच से चार कार्यक्रमों में साथ दिखे शिव-मोहन
मप्र सरकार की ओर से जो जवाब दिया गया है उसके अनुसार अब तक कुछ पांच कार्यक्रमों में से चार में सीएम मोहन यादव और कृषि मंत्री शिवराज सिंह ने मंच साझा किया है। एक कार्यक्रम में सीएम ने मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल को अपना प्रतिनिधि बनाकर भेजा था।
बता दें कि ये सारे कार्यक्रम शिवराज सिंह के संसदीय क्षेत्र सीहोर, रायसेन और विदिशा में हुए हैं। इसके अलावा इंदौर में कृषि पर फोकस ब्रिक्स सम्मेलन में भी दोनों नेताओं ने मंच साझा किया था।
मूंग खरीद पर भी विवाद
इस पूरे घटनाक्रम के बीच मूंग खरीद ( एमपी में मूंग खरीदी ) को लेकर भी मध्य प्रदेश में विवाद खड़ा हुआ था, जिसने राज्य की राजनीति में हलचल मचाई। कुल मिलाकर, शिवराज सिंह चौहान और राज्य सरकार के बीच तालमेल को लेकर यह नया मुद्दा चर्चा का विषय बना हुआ है।
खास बात
राजनीतिक हलकों में यह चर्चा भी हो रही है कि शिवराज सिंह चौहान सामान्यतः शिकायत करने से बचते रहे हैं, लेकिन इस बार उन्होंने खुलकर अपनी बात प्रधानमंत्री तक पहुंचाई, जिसके बाद यह मामला सुर्खियों में आ गया।

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