*नीमच जिला जल अभावग्रस्त क्षेत्र घोषित डी.एम. ने नलकूप खनन पर लगाया प्रतिबंध*
जन जागृति संगम न्यूज
9302003334
नीमच 31 मार्च 2026, कलेक्टर हिमांशु चंद्रा द्वारा म.प्र.पेयजल परीरक्षण अधिनियम 1986 के तहत नीमच जिले को "जल अभावग्रस्त क्षेत्र" घोषित किया गया है। जिले में संभावित पेयजल संकट को ध्यान में रखते हुए कलेक्टर ने जिले के जल स्त्रोतो से जल उपयोग एवं नल कूप खनन पर प्रतिबंध लगा दिया गया है।
जल उपयोग पर प्रतिबंध: जिले के सभी स्त्रोतों (नदी, नहर, जलधारा, झरना, झील, नाला, नलकूप या कुओं) से घरेलू उपयोग (पेयजल को छोड़कर) के लिए जल निकालने पर प्रतिबंध लगाया गया है।
भू-जल गिरावट: जिले में भू-जल की गिरावट को रोकने के लिए अशासकीय व निजी नलकूप खनन पर धारा 6 (1) के तहत प्रतिबंध लगाया गया है।
नलकूप/बोरिंग मशीन पर रोक: बिना अनुविभागीय दण्डाधिकारी की अनुमति के नलकूप/बोरिंग मशीन का उपयोग या खनन प्रतिबंधित है। अवैध मशीनों को जप्त कर FIR दर्ज की जाएगी।
अधिनियम उल्लंघन पर दंड: अधिनियम के उल्लंघन पर प्रथम अपराध के लिए ₹5,000 जुर्माना और पश्चातवर्ती अपराध के लिए ₹10,000 जुर्माना या 2 वर्ष तक कारावास हो सकता है।
अधिनियम प्रभाव: यह आदेश तत्काल प्रभाव से 30 जून 2026 तक प्रभावी रहेगा और लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग, नीमच द्वारा इसका पालन सुनिश्चित किया जाएगा।
टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें